मनहूस घड़ी की काली साया:-डॉ सत्यम भास्कर - खबरदार जमुई

Breaking

Chat With Us

Tuesday, April 16, 2019

मनहूस घड़ी की काली साया:-डॉ सत्यम भास्कर


ह्रदय विदारक थी वो घटना, 

निहत्थौं पर गोलियां चलाना, 
मनहूस घड़ी की काली साया, 
रुधिरमय, चित्कार और सिसकियां, 
क्या करुं चित्रण, क्रंदन और 
फफक फफक कर दिल रोता है, 
तमाम शहिदों को श्रद्धांजलि देता है, 
बरसों बीत गये इस हत्याकांड को, 
बर्बरता की पराकाष्ठा पार कर दिया, 
अंग्रेजी हुकूमत ने ऐसा नरसंहार कर दिया, 
आखिर कसूर क्या था बेचारे का, 
क्या यही होता है अंजाम एकता का, 
अविस्मरणीय है ये दिवस भारतीय🇮🇳 के लिए, 
बड़ा प्रश्र है, और एक धब्बा,  इतिहास के लिए, 
भास्कर की यही वेदना है, 
विभत्स बड़ी ये घटना है।

डॉ सत्यम भास्कर
वरिष्ठ भौतिक चिकित्सक व व्याख्याता
एन एन एच एस ए, नई दिल्ली।

No comments:

Post a Comment